दतिया धाम में मां बगलामुखी महायज्ञ: भक्तों की अपार भीड़ ने बढ़ाया आस्था का रंग

Oct 30, 2025 - 16:30
 126  501.9k
दतिया धाम में मां बगलामुखी महायज्ञ: भक्तों की अपार भीड़ ने बढ़ाया आस्था का रंग
दतिया धाम में मां बगलामुखी महायज्ञ: भक्तों की अपार भीड़ ने बढ़ाया आस्था का रंग

दतिया धाम में मां बगलामुखी महायज्ञ: भक्तों की अपार भीड़ ने बढ़ाया आस्था का रंग

Breaking News, Daily Updates & Exclusive Stories - Discovery Of The India

कम शब्दों में कहें तो, दतिया धाम में मां बगलामुखी महायज्ञ और भंडारे का आयोजन हुआ। यह आयोजन सत्य साधक गुरु जी की 36 दिवसीय साधना की पूर्णता के उपलक्ष्य में किया गया। इस अवसर पर भक्तों की मनोबल और आस्था का अद्वितीय नजारा देखने को मिला।

सत्य साधक गुरु जी की साधना का महत्व

सत्य साधक गुरु जी की 36 दिवसीय साधना भारतीय संस्कृति में एक महत्वपूर्ण स्थान रखती है। यह साधना न केवल व्यक्तिगत विकास के लिए होती है, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में भी एक कदम है। इस साधना की पूर्णता पर आयोजित महायज्ञ भक्तों के लिए एक अनिवार्य कर्म है, जो उन्हें ध्यान और भक्ति के माध्यम से मां बगलामुखी से जोड़ता है।

महायज्ञ का आयोजन

मध्य प्रदेश के दतिया धाम में मां बगलामुखी महायज्ञ का आयोजन गर्वपूर्ण अवसर था। इस महायज्ञ में उपस्थित श्रद्धालुओं की संख्या ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि भारतीय संस्कृति में धार्मिक आयोजनों का कितना गहरा प्रभाव होता है। सभी भक्त एकत्रित होकर बड़े उत्साह के साथ मन्त्रोच्चारण और यज्ञ विधि में भाग लेते रहे।

भंडारे का विशेष महत्व

भंडारे का आयोजन इस महायज्ञ का एक महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। सभी भक्तों को प्रसाद के रूप में शुद्ध भोजन का वितरण किया गया। इस भंडारे ने न केवल शारीरिक ऊर्जा प्रदान की, बल्कि आपसी भाईचारे और सामुदायिक सौहार्द को भी बढ़ावा दिया। भक्तों ने आनंद लिया और इस अवसर को यादगार बनाया।

भक्तों की भीड़ से संजीवनी शक्ति

महायज्ञ में उमड़े भक्तों के जनसैलाब ने दतिया धाम की रौनक को और भी बढ़ा दिया। इस भीड़ ने मां बगलामुखी में अपनी अपार श्रद्धा व्यक्त की। भक्तों का यह जनसैलाब इस बात का प्रतीक है कि जब आस्था और विश्वास एकजुट होते हैं, तो असंभव भी संभव हो जाता है।

इस आयोजन ने यह भी दर्शाया कि आज के समय में भी धार्मिकता और आस्था की कमी नहीं है। भक्तों ने संगठित हो कर अपने धर्म के प्रति निष्ठा दिखाई, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा।

समापन

दतिया धाम में मां बगलामुखी महायज्ञ का यह आयोजन न केवल एक धार्मिक उत्सव था, बल्कि यह समाज में एकजुटता और भाईचारे की भावना को भी साकार करता है। ऐसे आयोजनों से समाज में शांति और सद्भाव का संदेश फैलता है।

भक्तों की आस्था और श्रद्धा का यह अनूठा दर्शन दतिया धाम को धार्मिक पर्यटन के दृष्टिकोण से और भी महत्वपूर्ण बना देता है। ऐसे आयोजनों से न केवल भक्तों की भक्ति का सम्मान होता है, बल्कि यह स्थान की आध्यात्मिक ऊर्जा को भी प्रबल करता है।

इसलिए भावी आयोजनों के लिए हमें एकजुट होकर अपने धर्म की रक्षा और समर्पण के साथ आगे बढ़ना चाहिए। अधिक अपडेट के लिए हमारे साथ जुड़े रहें।

— टीम डिस्कवरी ऑफ इंडिया, अंजलि शर्मा

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0